jyotish 4 ज्योतिष और आयुर्वेद का जादुई सम्बन्ध

ज्योतिष और आयुर्वेद का जादुई सम्बन्ध

ज्योतिष और आयुर्वेद का गहरा सम्बन्ध है | जो आयुर्वेदाचार्य ज्योतिष नहीं जानता और जो ज्योतिषी आयुर्वेद नहीं जानता, वो दोनों ही अपनी विद्या में पूर्णता नहीं प्राप्त कर पाते | एक छोटा सा उदाहरण देता हूँ, शनि का तत्व बताया गया है, वायु | जिसकी कुंडली में शनि से कष्ट है, उसको वायुजनित रोग…

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आलसी होने की आदत का हल – बली बुध

आप सभी ने देखा होगा कि कुछ लोग आलसी होते हैं, उन्हें आराम या खाली बैठना या सोना बहुत प्रिय होता है । ऐसे ही कुछ लोग होते हैं, जो एकदम खाली नहीं बैठते, बहुत मेहनत करते हैं, लगातार किसी न किसी काम में जुटे रहते हैं और आवश्यकता से अधिक नहीं सोते हैं ।…

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subhashit शास्त्रों का ज्ञान किसके लिये व्यर्थ है ?

शास्त्रों का ज्ञान किसके लिये व्यर्थ है ?

जो लोग नास्तिक होते हैं, जो लोग ईश्वर को नहीं मानते हैं, जो लोग शास्त्रों को नहीं ,मानते हैं उसका क्या कारण है ? क्या वाकई उनकी जानकारी बहुत होती है, या उनके तर्क, उनके विचार धर्म/ईश्वर/ज्योतिष/वेद/कर्म-फल सिद्धांत के बारे में खोखले होते हैं ? सोशल मिडिया पर, जो लोग ईश्वर के बारे में विभिन्न…

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बाबा रामदेव के ज्योतिष पर बयान पर शास्त्रज्ञान का मत

क्या बाबा रामदेव ने जो ज्योतिष के विषय में कहा है, वो सही है ? क्या सही में सभी ज्योतिषी लूटते हैं और क्या कला, मुहूर्त आदि सब बेकार की बातें हैं ? सब भगवान के हिसाब से ही हो रहा है तो क्या कला, मुहूर्त आदि का कोई महत्व नहीं है ? क्या सभी…

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भविष्यवाणी ज्योतिष ज्योतिषी

ज्योतिषी की भविष्वाणी कितनी सही 0 प्रतिशत या 100 ?

ज्योतिषी की भविष्यवाणी, सही या गलत ? आपने किसी को कुंडली दिखाई और उसने कहा कि फलाने फलाने साल में आपके ऊपर संकट आएगा, आपको कष्ट होगा, आपकी नौकरी जा सकती है, आपका एक्सीडेंट हो सकता है, आपका धन खर्च हो जाएगा आदि | और आप हो गए परेशान कि अरे यार ! आने वाला…

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Jyotish

ज्योतिषी से फायदा कैसे उठायें ?

कल बहुत से लोगों ने फेसबुक पर अपनी कुंडली बताई, दिखाई और अपनी जिज्ञासा रखी | बहुत से लोगों ने फीस भी पूछी और मैंने बताया कि मैं कोई फीस नहीं लेता, तो आश्चर्य भी किया | पर अब सोच रहा हूँ कि फीस रख ही लेता हूँ, लोग अगर फीस वाले ज्योतिषी को ही…

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ज्योतिष बेसिक्स, भाग 2

अध्याय २ योजनानि शतान्यष्टो भूकर्णों द्विगुणानि तु | तद्वर्गतो दशगुणात्पदे भूपरिधिर्भवते || अर्थात पृथ्वी का व्यास 800 के दूने 1600 योजन है, इसके वर्ग का 10 गुना करके गुणनफल का वर्गमूल निकालने से जो आता है, वह पृथ्वी कि परिधि है | इस श्लोक को विस्तार से आगे चर्चा करेंगे किन्तु इस श्लोक से स्पष्ट हो…

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ज्योतिष शास्त्र – अध्याय 1

पहले ये वीडियो देखें, फिर आगे पढ़ें | लोकानामन्तकृत्कालः कालोन्यः कल्नात्मकः |स द्विधा स्थूल सुक्ष्मत्वान्मूर्त श्चामूर्त उच्यते || अर्थात – एक प्रकार का काल संसार का नाश करता है और दूसरे प्रकार का कलानात्मक है अर्थात जाना जा सकता है | यह भी दो प्रकार का होता है (१) स्थूल और (२) सूक्ष्म | स्थूल…

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वारों के नाम कैसे रखे गए ? सोमवार के बाद मंगलवार ही क्यों ?

इस बार की बालसंस्कारशाला 16 में बच्चों को बताया कि सोमवार के बाद मंगलवार ही क्यों आता है और शनिवार के बाद रविवार ही क्यों आता है ? शुक्रवार क्यों नहीं आ जाता ? बच्चों को बताया कि पृथ्वी एक दिन में 360 अंश (अंश यानि डिग्री) घूमती है और एक राशि 30 अंश की…

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बालसंस्कारशाला 15

इस बार की बालसंस्कारशाला में राशिचक्र के बारे में बताया, कि कैसे 360 डिग्री का एक राशिचक्र होता है और 12 भागों (राशियों) में बाटंने से, एक राशि 30 अंश की हुई | सूर्य इन 12 राशियों में क्रम से जाता है (Geocentric and Heliocentric system भी समझाया गया), एक राशि से जब सूर्य दूसरी…

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